नेपाल के पूर्वाधार विकास मंत्रालय ने प्रत्येक नागरिक के आवास अधिकार को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से भवन अधिनियम २०८३ का विधेयक संघीय संसद सचिवालय में दर्ज कराया है। प्रधानमंत्री बालेन शाह ने सोशल मीडिया के माध्यम से जानकारी देते हुए कहा कि सरकार हर नागरिक को आवास की गारंटी देने के लिए प्रतिबद्ध है। शुक्रवार को दर्ज किए गए इस विधेयक में निम्न आय वाले परिवारों के लिए आवास की गारंटी और मध्यम आय वाले परिवारों के लिए सुरक्षित तथा व्यवस्थित घर का प्रस्ताव रखा गया है।
मंत्रालय द्वारा पेश विधेयक के अनुसार पहली बार घर बनाने वाले नेपाली नागरिकों को सरकार द्वारा निर्धारित टाइप डिजाइन और मानदंडों के अनुसार आवश्यक नदीजन्य एवं प्राकृतिक निर्माण सामग्री मुफ्त उपलब्ध कराई जाएगी। इसके अलावा मवेशी शेड (गोठ) निर्माण के लिए आवेदन करने वाले नागरिकों को भी आवश्यक प्राकृतिक सामग्री मुफ्त देने का प्रावधान शामिल किया गया है।

गरीब और विपन्न नागरिकों का आवास सुनिश्चित करने के लिए कुल ७५ हजार रुपये तक के अनुदान का प्रस्ताव किया गया है। इसमें संघीय सरकार द्वारा ५० हजार रुपये और प्रांतीय सरकार द्वारा २५ हजार रुपये का योगदान दिया जाएगा। साथ ही आपदा, असुरक्षित और जोखिम वाले क्षेत्रों में स्थित बस्तियों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित कर सरकार द्वारा नए घर बनाकर देने की व्यवस्था भी की गई है।
मध्यम आय वाले नागरिकों के लिए सुरक्षित, भूकंप रोधी और मूलभूत मानदंडों को पूरा करने वाले स्मार्ट घर उपलब्ध कराने का प्रस्ताव है। ९०० से १ हजार ३०० प्लिंथ एरिया वाले इन मकानों की लागत २० लाख से ७५ लाख रुपये के बीच होगी। नागरिक रियायती ऋण के माध्यम से ये घर प्राप्त कर सकेंगे।
भुगतान के लिए विभिन्न किश्त विकल्प प्रस्तावित हैं। शुरुआती ५ लाख रुपये अग्रिम भुगतान और १५ वर्षों तक मासिक ११ हजार रुपये की किश्त पर घर प्राप्त किया जा सकता है। इसके अलावा १० लाख रुपये अग्रिम पर १५ हजार रुपये मासिक, १५ लाख अग्रिम पर २० हजार रुपये मासिक, २० लाख अग्रिम पर ३० हजार रुपये मासिक और २५ लाख रुपये अग्रिम भुगतान पर ३५ हजार रुपये मासिक किश्त के विकल्प दिए गए हैं।
सरकार ने प्रत्येक नेपाली नागरिक के आवास के अधिकार को कानूनी रूप से सुरक्षित करने के उद्देश्य से इस नए अधिनियम को संसद में प्रस्तुत किया है।