नेकपा एमाले के अध्यक्ष केपी शर्मा ओली ने इलाम में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान पार्टी के भीतर जारी असंतोष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने अपने विरोधियों को खुला चैलेंज देते हुए कहा कि चाय की चुस्की लेते हुए केवल गपशप करने से पार्टी अध्यक्ष को नहीं हटाया जा सकता।
पार्टी दफ्तर की कैंटीन में बैठकर रणनीति बनाने और हस्ताक्षर अभियान चलाने वाले नेताओं पर तंज कसते हुए ओली ने उनकी प्राथमिक सदस्यता पर ही सवाल उठा दिए। उन्होंने कहा कि महाधिवेशन के जनादेश और पार्टी के संविधान को नजरअंदाज करके उठाया गया कोई भी कदम गैर-कानूनी है।
ओली ने इस बात पर जोर दिया कि जब बाहरी राजनीतिक विरोधी पार्टी पर लगातार हमले कर रहे हैं, ऐसे समय में आंतरिक कलह और अराजकता फैलाना पार्टी अनुशासन के पूरी तरह खिलाफ है।
उन्होंने हस्ताक्षर अभियान को पूरी तरह बेबुनियाद करार दिया। उन्होंने पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं से गुटबाजी छोड़कर एकजुट होकर राजनीतिक चुनौतियों का मुकाबला करने का आह्वान किया।