काठमांडू: राष्ट्रीय स्वतन्त्र पार्टी (RSP) के नेतृत्व वाली आगामी सरकार में वर्तमान गृहमंत्री ओम प्रकाश अर्याल के पुनः उसी पद पर नियुक्त होने की संभावना बढ़ गई है। नई सरकार गठन की तैयारी जारी रहने के बीच, गृह प्रशासन की जिम्मेदारी उन्हें ही सौंपने की चर्चा चल रही है।

राष्ट्रीय सभा मनोनयन से मंत्री बनने का रास्ता साफ

हाल ही में ओम प्रकाश अर्याल को राष्ट्रीय सभा का सदस्य मनोनीत किया गया है। नेपाल के संविधान के अनुसार, मंत्री बनने के लिए संघीय संसद का सदस्य होना अनिवार्य है। राष्ट्रीय सभा में उनके प्रवेश के साथ ही आगामी सरकार में मंत्री बनने का उनका कानूनी और संवैधानिक रास्ता पूरी तरह साफ हो गया है। राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि कानून और सुशासन के जानकार अर्याल को सरकार में निरंतरता देने के उद्देश्य से ही राष्ट्रीय सभा में लाया गया है।

प्रमुख मंत्रालयों पर बालेन की रणनीतिक नजर

भावी प्रधानमंत्री के रूप में उभर रहे RSP के वरिष्ठ नेता बालेन्द्र शाह (बालेन) अपनी सरकार को प्रभावी बनाने के लिए मंत्रिपरिषद गठन में विशेष सतर्कता बरत रहे हैं। सरकार की कार्यक्षमता (डिलीवरी) को मजबूत बनाने के लिए उन्होंने राज्य के प्रमुख मंत्रालयों में केवल अपने विश्वसनीय लोगों को नियुक्त करने की रणनीति बनाई है।

सूत्रों के अनुसार, बालेन जिन प्रमुख मंत्रालयों में विशेष रुचि ले रहे हैं, वे हैं:

  • गृह मंत्रालय: आंतरिक सुरक्षा और प्रशासन संचालन
  • वित्त मंत्रालय: आर्थिक नीति और बजट क्रियान्वयन
  • विदेश मंत्रालय: अंतरराष्ट्रीय कूटनीति और संबंध
  • संचार तथा सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय: सरकारी सूचना और संचार

सरकार की डिलीवरी पर फोकस

अपने कार्यकाल को परिणाममुखी बनाने के लिए बालेन इन महत्वपूर्ण मंत्रालयों में सक्षम और विवादरहित व्यक्तियों की तलाश कर रहे हैं। इसी संदर्भ में, ओम प्रकाश अर्याल को गृह मंत्रालय सौंपना प्रशासनिक संचालन को सुगम बनाने और सरकार के लक्ष्यों को पूरा करने में सहायक माना जा रहा है, ऐसा निकट स्रोतों का कहना है।