नेपाल में त्रिभुवन विश्वविद्यालय के प्रबंधन संकाय के तहत स्नातकोत्तर प्रथम सेमेस्टर की परीक्षा शुरू होने के कुछ ही मिनटों बाद प्रश्नपत्र व्हाट्सएप पर लीक होने के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। शिक्षा एवं खेल मंत्री सस्मित पोखरेल ने बताया कि घटना की जानकारी मिलते ही संबंधित निकायों के साथ किए गए त्वरित समन्वय के परिणामस्वरूप २४ घंटे के भीतर मुख्य आरोपी पुलिस हिरासत में आ गए।

परीक्षा प्रणाली की साख और हजारों ईमानदार छात्रों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए मंत्री पोखरेल ने नेपाल पुलिस के महानिरीक्षक दान बहादुर कार्की से संपर्क कर तत्काल जांच शुरू करने का अनुरोध किया था। इसके बाद केंद्रीय अनुसंधान ब्यूरो और साइबर ब्यूरो को आवश्यक जांच के लिए तैनात किया गया।

पुलिस ने डिजिटल साक्ष्यों और व्हाट्सएप समूहों के विश्लेषण के आधार पर मामले में शामिल मुख्य संदिग्धों को पकड़ने में सफलता हासिल की। मंत्री पोखरेल ने स्पष्ट किया कि जांच अभी भी जारी है और इस घटना में शामिल किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

मामले की आंतरिक जांच के लिए त्रिभुवन विश्वविद्यालय प्रबंधन संकाय के डीन कार्यालय ने प्रो. डॉ. अच्युत ज्ञवाली के संयोजकत्व में तीन सदस्यीय जांच समिति का गठन किया है। यह समिति प्रश्नपत्र लीक होने के कारणों, सुरक्षा प्रणाली की कमियों और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के उपायों पर अध्ययन कर अपनी रिपोर्ट सौंपेगी।

शिक्षा मंत्रालय ने इस घटना को केवल एक आपराधिक कृत्य न मानकर परीक्षा प्रणाली की आंतरिक कमजोरियों की समीक्षा करने के अवसर के रूप में लिया है। भविष्य में निष्पक्षता और जनविश्वास बनाए रखने के लिए आवश्यक कानूनी तथा संस्थागत सुधारों को आगे बढ़ाने की दिशा में काम किया जा रहा है।