काठमांडू। नेपाल सरकार ने स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार के लिए अमेरिकी सरकार से प्राप्त होने वाले २०.७ मिलियन अमेरिकी डॉलर (लगभग २.८० अरब रुपये) के अनुदान सहायता को स्वीकार करने का निर्णय लिया है।

प्रधानमंत्री बालेन शाह की अध्यक्षता में काठमांडू में आयोजित मंत्रिमंडल की बैठक में स्वास्थ्य, बुनियादी ढांचे, प्रशासनिक सुधार तथा कानूनी संशोधनों से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए।

बैठक में पूर्व-पश्चिम राजमार्ग के अंतर्गत कमला-ढलकेवर-पथलैया सड़क खंड, गजार्ड खोला लघु जलविद्युत परियोजना और ४० मेगावाट की बलेफी खोला जलविद्युत परियोजना के निर्माण हेतु राष्ट्रीय वन भूमि के उपयोग को स्वीकृति दी गई। इसके अलावा, सशस्त्र पुलिस बल के प्रशिक्षण संस्थानों, गुल्म और सीमा सुरक्षा चौकियों के निर्माण के लिए भी वन भूमि के उपयोग की अनुमति प्रदान की गई।

इसके साथ ही, पशु वधशाला और मांस निरीक्षण अधिनियम, २०५५, संघीय सिविल सेवा से संबंधित कानूनों तथा विकलांग व्यक्तियों के अधिकार अधिनियम, २०७४ में संशोधन हेतु तैयार विधेयकों को संघीय संसद में प्रस्तुत करने की स्वीकृति दी गई।

प्रशासनिक फेरबदल के तहत संयुक्त सचिव आभा श्रेष्ठ कर्ण को पदोन्नत कर गण्डकी प्रदेश का मुख्य सचिव नियुक्त किया गया है। वहीं डॉ. जगदीश्वर कर्माचार्य को पदोन्नत कर ऊर्जा, जल संसाधन एवं सिंचाई मंत्रालय के सचिव पद पर नियुक्त किया गया है।

मंत्रिमंडल के ये निर्णय देश में बुनियादी ढांचे के विकास, प्रशासनिक दक्षता और स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माने जा रहे हैं।