कतर से पाकिस्तान के लिए तरलीकृत प्राकृतिक गैस (एलएनजी) ले जा रहे एक पोत पर होर्मुज जलडमरूमध्य के पास हुए हमले ने इस्लामाबाद की ऊर्जा सुरक्षा और क्षेत्रीय ईंधन आपूर्ति पर बड़ा संकट खड़ा कर दिया है।
ब्लूमबर्ग की 1 नवंबर की रिपोर्ट के अनुसार, मार्शल आइलैंड्स के ध्वज तले संचालित 'अल मायदा' नामक यह एलएनजी टैंकर शुक्रवार को हमले का शिकार हुआ। इस घटना ने खाड़ी क्षेत्र में वाणिज्यिक जहाजों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सूत्रों के मुताबिक, इस घटना से ठीक पहले पाकिस्तान ने ईरान के साथ कूटनीतिक बातचीत कर जहाज की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने का प्रयास किया था। ईरानी अधिकारियों ने हमले से कुछ ही घंटे पहले सुरक्षित पारगमन के लिए सकारात्मक संकेत भी दिए थे।
पूरी तरह से आयातित ईंधन पर निर्भर पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था के लिए खाड़ी क्षेत्र में बढ़ता सैन्य तनाव बेहद चिंताजनक है। चूंकि होर्मुज जलडमरूमध्य वैश्विक ऊर्जा परिवहन का बेहद महत्वपूर्ण मार्ग है, इसलिए यहां किसी भी सुरक्षा व्यवधान का सीधा असर अंतरराष्ट्रीय बाजार में ईंधन की आपूर्ति और कीमतों पर पड़ना तय है।
राजनयिक आश्वासनों के बावजूद हुए इस हमले से साफ है कि मध्य पूर्व के तनावपूर्ण माहौल में ऊर्जा परिवहन अत्यधिक जोखिम भरा बना हुआ है। आने वाले दिनों में इस समुद्री मार्ग पर ईंधन आपूर्ति बहाल रखने और जहाजों को सुरक्षा प्रदान करने के लिए नए वैश्विक कूटनीतिक कदम उठाए जा सकते हैं।